बिलाईगढ़ के विकास को मिलेगी नई रफ्तार, तीन गौरव पथों के लिए रामनारायण देवांगन ने उठाई आवाज…

बिलाईगढ़। नगर पंचायत बिलाईगढ़ के समग्र विकास, नगर सौंदर्यीकरण और बेहतर यातायात व्यवस्था को गति देने के लिए भाजपा जिला मंत्री रामनारायण देवांगन ने पहल की है। उन्होंने मुख्य नगर पालिका अधिकारी को आवेदन सौंपकर नगर में प्रस्तावित गौरव पथ भाग-2, भाग-3 और भाग-4 के कार्यों को शीघ्र आगे बढ़ाने तथा लंबित प्रक्रियाओं को समय-सीमा में पूरा कराने की मांग की है।
देवांगन ने गौरव पथ भाग-2 के अधूरे कार्यों को प्राथमिकता से पूर्ण कराने पर जोर देते हुए बताया कि इस परियोजना में विद्युत पोल शिफ्टिंग के लिए 34.01 लाख रुपये, रोशन सेलून से दिनेश शर्मा के घर तक नाली निर्माण के लिए 32 लाख रुपये, पाइपलाइन कार्य के लिए 19.99 लाख रुपये तथा रोड डिवाइडर, स्ट्रीट लाइट सहित अन्य शेष कार्यों के लिए 199.68 लाख रुपये की लागत का प्रावधान है। उन्होंने संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर इन कार्यों को जल्द पूरा कराने की मांग की, ताकि लंबे समय से प्रतीक्षित सड़क विकास का लाभ नगरवासियों को मिल सके।
वहीं गौरव पथ भाग-3 के अंतर्गत दिनेश शर्मा के घर से राजू अग्रवाल के घर तक लगभग 1 करोड़ 21 लाख 64 हजार रुपये की लागत से सड़क निर्माण प्रस्तावित है। इस संबंध में देवांगन ने विभागीय प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण कर निविदा आमंत्रित करने की मांग की, जिससे निर्माण एजेंसी का चयन कर कार्य प्रारंभ किया जा सके।
इसी प्रकार गौरव पथ भाग-4 के तहत बस स्टैंड से शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल तक लगभग 3 करोड़ रुपये की लागत से सड़क निर्माण प्रस्तावित है। इस परियोजना को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा स्वीकृति दिए जाने का उल्लेख करते हुए उन्होंने शीघ्र विस्तृत प्राक्कलन तैयार कर सक्षम विभाग को भेजने तथा तकनीकी एवं प्रशासकीय स्वीकृति की प्रक्रिया निर्धारित समय-सीमा में पूरी करने का आग्रह किया।
रामनारायण देवांगन ने कहा कि गौरव पथ केवल सड़क निर्माण की योजना नहीं है, बल्कि यह बिलाईगढ़ के भविष्य, व्यवस्थित यातायात, नगर के सौंदर्यीकरण और विकास से जुड़ी महत्वपूर्ण परियोजना है। तीनों गौरव पथों का निर्माण पूर्ण होने से नगरवासियों, व्यापारियों और राहगीरों को आवागमन में बेहतर सुविधा मिलेगी। साथ ही नगर की पहचान भी एक सुव्यवस्थित और विकसित शहर के रूप में मजबूत होगी। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि जनहित से जुड़ी इन महत्वपूर्ण परियोजनाओं को प्राथमिकता देते हुए शीघ्र धरातल पर उतारा जाए।