बेंगलुरु को हराकर टॉप-2 में पहुंचना चाहेगी हैदराबाद, जीत के साथ क्वालीफायर में जाना चाहेगी आरसीबी…

हैदराबाद। चैंपियन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और सनराइजर्स हैदराबाद की टीम जब शुक्रवार को अपने आखिरी आRपीएल लीग मैच में आमने-सामने होंगी तो दोनों की कोशिश शीर्ष दो में जगह बनाने की होगी।
आरसीबी अभी अंक तालिका में 18 अंक लेकर शीर्ष पर है और 10 टीम में उसका नेट रन रेट 1.065 सबसे अच्छा है। शुक्रवार को जीत उसे पहला स्थान और फाइनल में पहुंचने के दो मौके दिला देगी।
सनराइजर्स हैदराबाद 13 मैच में 16 अंक से तीसरे स्थान पर है और गुजरात टाइटंस के बराबर है, लेकिन नेट रन रेट के मामले में पीछे है। सनराइजर्स हैदराबाद का नेट रन रेट 0.350 है जबकि गुजरात टाइटन्स का 0.400 है। शीर्ष दो में जगह बनाने के लिए उसे आरसीबी को बड़े अंतर से हराना होगा और उम्मीद करनी होगी कि चेन्नई सुपर किंग्स की टीम गुजरात टाइटंस को हरा दे।
आरसीबी ने फिर किया शानदार प्रदर्शन
कप्तान रजत पाटीदार की अगुवाई में आरसीबी ने एक बार फिर शानदार प्रदर्शन किया है। विस्फोटक बल्लेबाजी और अनुशासित गेंदबाजी के मेल से आरसीबी ने लगातार दूसरे सत्र में खुद को खिताब के दावेदार के तौर पर साबित किया है। दिग्गज खिलाड़ी विराट कोहली ने शीर्ष क्रम में अपनी निरंतरता को नए सिरे से परिभाषित करना जारी रखा है और 13 मैच में 542 रन बनाए हैं। वहीं, देवदत्त पडिक्कल का सत्र भी अच्छा रहा है।
अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार और जोश हेजलवुड की जोड़ी ने भी आरसीबी की सफलता में अहम भूमिका निभाई है। भुवनेश्वर इस सत्र में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाजों में से एक रहे हैं और नयी गेंद से लगातार कमाल दिखाते रहे हैं। वहीं, हेजलवुड ने अहम मौकों पर असरदार स्पैल डाले हैं। कृणाल पांड्या ने भी अपने हरफनमौला प्रदर्शन से प्रभावित किया है और विविधता भरी गेंदबाजी से बल्लेबाजों को परेशान किया है।
लेग-स्पिनर सुयश शर्मा और ऑलराउंडर रोमारियो शेफर्ड ने भी योगदान दिया है। आरसीबी की टीम इस सत्र में उतार-चढ़ाव देखने वाली सनराइजर्स हैदराबाद के विरुद्ध प्रबल दावेदार के तौर पर मैदान में उतरेगी। जब सनराइजर्स हैदराबाद ने लगातार पांच मैच जीते तो ऐसा लग रहा था कि उसने लय वापस हासिल कर ली है लेकिन पिछले चार में से दो मैच में उन्हें हार का सामना करना पड़ा है।
हैदराबाद के पास खतरनाक बल्लेबाजी लाइन-अप
सनराइजर्स हैदराबाद के पास इस टूर्नामेंट में सबसे खतरनाक बल्लेबाजी लाइन-अप में से एक है। अभिषेक शर्मा, ट्रेविस हेड, ईशान किशन और हेनरिक क्लासेन जैसे खिलाड़ी किसी भी गेंदबाजी आक्रमण को ध्वस्त करने की क्षमता रखते हैं। हालांकि बल्लेबाजी में निरंतरता की कमी ने अहम मौकों पर उन्हें नुकसान पहुंचाया है। टीम की हाल की हार की वजह बल्लेबाजी में रही कमियां थीं और टीम उम्मीद करेगी कि नॉक-आउट चरण में जाने से पहले वह इन कमियों को दूर कर लें।
सकारात्मम पहलू यह है कि सनराइजर्स हैदराबाद को अपने कप्तान पैट कमिंस के नेतृत्व और कुछ युवा तेज गेंदबाजों के अच्छा करने से काफी मनोबल मिला है। श्रीलंकाई तेज गेंदबाज इशान मलिंगा इस सत्र के चमकदार खिलाड़ियों में से एक रहे हैं। उन्होंने दबाव में भी लगातार विकेट लिए हैं और किफायती गेंदबाजी की है। चोट से वापसी करने के बाद से कमिंस ने खुद गेंदबाजी इकाई में और भी ज्यादा जोश और नियंत्रण ला दिया है जिससे सनराइजर्स हैदराबाद को गेंदबाजी की रणनीति में भी ज्यादा स्पष्टता और धार मिली है।
इस प्रकार हैं टीमें
सनराइजर्स हैदराबाद: पैट कमिंस (कप्तान), सलिल अरोड़ा, ट्रेविस हेड, ईशान किशन (विकेटकीपर), हेनरिक क्लासेन (विकेटकीपर), रविचंद्रन स्मरण, अनिकेत वर्मा, अभिषेक शर्मा, आर एस अंबरीश, हर्ष दुबे, क्रेंस फुलेत्रा, लियाम लिविंगस्टोन, कमिंदु मेंडिस, नीतीश कुमार रेड्डी, हर्षल पटेल, शिवांग कुमार, अमित कुमार, गेराल्ड कोएत्जी, प्रफुल हिंगे, दिलशान मदुशंका, इशान मलिंगा, साकिब हुसैन, ओंकार तरमाले, जयदेव उनादकट, जीशान अंसारी।
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु: रजत पाटीदार (कप्तान), टिम डेविड, विराट कोहली, देवदत्त पडिक्कल, फिलिप सॉल्ट, जितेश शर्मा, जैकब बेथेल, कृणाल पांड्या, रोमारियो शेफर्ड, अभिनंदन सिंह, जोश हेजलवुड, रसिख सलाम डार, भुवनेश्वर कुमार, सुयश शर्मा, स्वप्निल सिंह, नुवान तुषारा, वेंकटेश अय्यर, जैकब डफी, मंगेश यादव, जॉर्डन कॉक्स, विक्की ओस्तवाल, विहान मल्होत्रा, कनिष्क चौहान, सात्विक देसवाल।